UPNews : उत्तर प्रदेश में सरकारी भर्ती प्रक्रिया के तहत शनिवार को 818 चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र दिए गए। लखनऊ के लोकभवन सभागार में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विभिन्न विभागों में चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। मुख्यमंत्री ने स्वयं 21 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र सौंपे, जबकि अन्य चयनित अभ्यर्थियों को संबंधित विभागों की ओर से नियुक्ति पत्र दिए गए।
स्वास्थ्य, आयुष और कौशल विकास विभाग में नियुक्तियां
इस नियुक्ति अभियान में व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास एवं उद्यमशीलता, उद्योग, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं तथा आयुष विभाग से जुड़े चयनित अभ्यर्थी शामिल हैं। कुल 818 नियुक्तियों में 357 एक्सरे-टेक्नीशियन, आयुष विभाग के 404 विभिन्न पदों पर चयनित अभ्यर्थी, कौशल विकास के 48 अनुदेशक और उद्योग विभाग के नौ सहायक सांख्यिकीय अधिकारी शामिल हैं।
आयुष विभाग में 361 होम्योपैथिक फार्मासिस्ट, चार होम्योपैथिक प्रोफेसर, पांच आयुर्वेद प्रोफेसर, 22 आयुर्वेद रीडर, एक यूनानी प्रोफेसर, एक यूनानी रीडर और 10 यूनानी लेक्चरर के पदों पर चयन हुआ है। वहीं चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाओं में 357 एक्सरे-टेक्नीशियन नियुक्त किए जाएंगे।
सीएम योगी बोले- अब तक साढ़े 9 लाख नियुक्ति पत्र
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भर्ती प्रक्रिया को लेकर कहा कि पारदर्शी और शुचितापूर्ण चयन प्रक्रिया के परिणाम अब सामने आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में अब तक करीब साढ़े 9 लाख नियुक्ति पत्र दिए जा चुके हैं। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि आने वाले छह महीनों में एक लाख और युवाओं को नियुक्ति पत्र देने का लक्ष्य रखा गया है।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में वर्ष 2017 से पहले की भर्ती प्रक्रिया और तत्कालीन सरकार की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उन्होंने मौजूदा भर्ती व्यवस्था में पारदर्शिता और चयन प्रक्रिया को लेकर सरकार के रुख को सामने रखा।
रोजगार अभियान को आगे बढ़ाने का दावा
818 नियुक्तियों का यह कार्यक्रम उत्तर प्रदेश में सरकारी सेवाओं में चयनित युवाओं को नियुक्ति पत्र देने के अभियान का हिस्सा है। इससे स्वास्थ्य, आयुष, तकनीकी प्रशिक्षण और उद्योग से जुड़े विभागों में मानव संसाधन की उपलब्धता बढ़ेगी।






